Aaj Ka Mausam 6 October 2026: देश के बड़े हिस्से में आज मंगलवार, 6 अक्टूबर को मौसम का मिजाज बदला हुआ रह सकता है। मानसून की वापसी के बीच सक्रिय मौसमी सिस्टम के कारण उत्तर भारत से लेकर पूर्वी, मध्य, दक्षिण और पूर्वोत्तर भारत तक कई राज्यों में बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है।
दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा और पंजाब में जहां गरज-चमक और तेज हवा प्रमुख चिंता रहेगी, वहीं दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में भारी बारिश की संभावना है। पहाड़ी राज्यों में भी बारिश, गरज-चमक और तेज हवाओं का असर देखने को मिल सकता है।
कुछ क्षेत्रों में हवा के झोंकों की रफ्तार 60 किलोमीटर प्रति घंटे या इससे अधिक पहुंच सकती है, जबकि अलग-अलग रिपोर्टों में कुछ स्थानों पर 70-75 किलोमीटर प्रति घंटे तक तेज झोंकों की आशंका बताई गई है।
6 अक्टूबर को इन राज्यों में बदलेगा मौसम
6 अक्टूबर को देश के बड़े हिस्से में मौसम गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
उत्तर भारत: दिल्ली, उत्तर प्रदेश, हरियाणा, पंजाब, हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर
पूर्वी भारत: बिहार, झारखंड, ओडिशा और पश्चिम बंगाल
मध्य और पश्चिम भारत: मध्य प्रदेश, छत्तीसगढ़, महाराष्ट्र और आसपास के क्षेत्र
दक्षिण भारत: तेलंगाना, आंध्र प्रदेश, केरल, तमिलनाडु और आसपास के दक्षिणी क्षेत्र
पूर्वोत्तर भारत: असम, त्रिपुरा, मेघालय, सिक्किम, नागालैंड समेत कई क्षेत्र
इन सभी स्थानों पर बारिश की तीव्रता एक जैसी नहीं रहेगी। कहीं हल्की से मध्यम बारिश तो कुछ स्थानों पर भारी बारिश और कहीं मुख्य रूप से गरज-चमक तथा तेज हवा का असर रह सकता है।
कहां भारी बारिश की ज्यादा संभावना?
6 अक्टूबर को दक्षिण भारत के कुछ हिस्सों में भारी बारिश का खतरा ज्यादा है।
तमिलनाडु और पुडुचेरी में भारी बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवा की चेतावनी है।
केरल और दक्षिण भारत के अन्य कुछ क्षेत्रों में भी अलग-अलग स्थानों पर तेज बारिश हो सकती है।
उत्तर भारत में दिल्ली-NCR, हरियाणा और पंजाब के लिए हर जगह भारी बारिश की बजाय गरज-चमक, तेज हवा और छिटपुट बारिश की संभावना अधिक महत्वपूर्ण है।
दिल्ली में आज कैसा रहेगा मौसम?
दिल्ली-NCR में 6 अक्टूबर को मौसम में बदलाव देखने को मिल सकता है।
बादलों की आवाजाही के साथ कहीं-कहीं बारिश, गरज-चमक और तेज हवाएं चल सकती हैं।
दिल्ली के साथ हरियाणा और चंडीगढ़ क्षेत्र में भी गरज-चमक और तेज हवा को लेकर चेतावनी है।
लोगों को मौसम खराब होने की स्थिति में खुले स्थानों से बचने और तेज हवा के दौरान पेड़ों तथा कमजोर ढांचों से दूरी रखने की सलाह है।
हरियाणा में गरज-चमक और तेज हवा का अलर्ट
हरियाणा में आज 6 अक्टूबर से मौसम बदलने की संभावना है।
प्रदेश में अलग-अलग स्थानों पर बादल, गरज-चमक, तेज हवा और बारिश की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली के लिए 6 अक्टूबर को गरज-चमक और तेज हवा की चेतावनी जारी है।
यह स्थिति 7, 8 और 9 अक्टूबर को भी कुछ क्षेत्रों में बनी रह सकती है।
हरियाणा में 10 अक्टूबर से चेतावनी में राहत
ताजा चेतावनी के अनुसार हरियाणा, चंडीगढ़ और दिल्ली में 6 से 9 अक्टूबर तक गरज-चमक और तेज हवा की गतिविधियों पर नजर रखने की जरूरत है।
इसके बाद 10, 11 और 12 अक्टूबर के लिए फिलहाल कोई मौसम चेतावनी नहीं दिखाई गई है।
इसलिए 10 से 12 अक्टूबर के लिए पहले जारी या उपलब्ध लंबे पूर्वानुमान को देखते समय ताजा दैनिक चेतावनी को प्राथमिकता देना जरूरी है।
हिसार में गर्मी के बाद बदलेगा मौसम
हरियाणा में मौसम बदलने से पहले गर्मी का असर बना रहा।
4 अक्टूबर को हिसार का अधिकतम तापमान 38.8 डिग्री सेल्सियस दर्ज किया गया था।
बादल, बारिश और हवा बढ़ने से दिन के तापमान में गिरावट आने और गर्मी से कुछ राहत मिलने की संभावना है।
हालांकि बारिश की मात्रा हर जिले में अलग-अलग हो सकती है।
उत्तर प्रदेश में भी मौसम खराब
उत्तर प्रदेश में आज कई क्षेत्रों में मौसम गतिविधियां बढ़ सकती हैं।
पश्चिमी और पूर्वी उत्तर प्रदेश दोनों के लिए 6 अक्टूबर को गरज-चमक और तेज हवा की चेतावनी है।
7 और 8 अक्टूबर को भी प्रदेश के कुछ हिस्सों में ऐसी गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
पश्चिमी उत्तर प्रदेश में इसका असर 9 अक्टूबर तक बने रहने का पूर्वानुमान है।
गौतमबुद्ध नगर, गाजियाबाद, मेरठ, अलीगढ़, मथुरा और आगरा समेत पश्चिमी उत्तर प्रदेश के यात्रियों और किसानों को स्थानीय चेतावनी पर नजर रखने की जरूरत है।
बिहार-झारखंड में बारिश के आसार
बिहार और झारखंड में भी 6 अक्टूबर को बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
कुछ क्षेत्रों में तेज हवा भी चल सकती है।
बिहार में पटना, गया, सिवान और रोहतास समेत विभिन्न क्षेत्रों में मौसम बदलने की संभावना बताई गई है।
स्थानीय स्तर पर बारिश की तीव्रता में अंतर रह सकता है।
पश्चिम बंगाल में भी मौसम सक्रिय
पश्चिम बंगाल के कई क्षेत्रों में बारिश और गरज-चमक की संभावना है।
हावड़ा, कोलकाता, नादिया, हुगली, पुरुलिया और दार्जिलिंग समेत विभिन्न क्षेत्रों में स्थानीय स्तर पर मौसम गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
उत्तर और दक्षिण बंगाल में बारिश की तीव्रता अलग-अलग रह सकती है।
पहाड़ों में अतिरिक्त सावधानी
हिमाचल प्रदेश, उत्तराखंड और जम्मू-कश्मीर के कई हिस्सों में बारिश के साथ गरज-चमक और तेज हवाओं की संभावना है।
पहाड़ी क्षेत्रों में बारिश के दौरान भूस्खलन, पत्थर गिरने और सड़क यातायात प्रभावित होने जैसे स्थानीय जोखिम बढ़ सकते हैं।
पहाड़ों की यात्रा करने वाले लोगों को निकलने से पहले स्थानीय प्रशासन और मौसम विभाग की ताजा चेतावनी देखनी चाहिए।
60-75 किमी प्रति घंटे तक हवा के झोंकों की आशंका
6 अक्टूबर के मौसम में केवल बारिश ही नहीं, तेज हवा भी महत्वपूर्ण रहेगी।
अलग-अलग क्षेत्रों में हवा की गति अलग होगी।
उत्तर-पश्चिम भारत के कई हिस्सों में 40-50 किमी प्रति घंटे की हवा और कुछ जगह इससे तेज झोंके चल सकते हैं।
उत्तर प्रदेश समेत कुछ क्षेत्रों में हवा 50-60 किमी प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
वहीं कुछ मौसम रिपोर्टों में चुनिंदा क्षेत्रों में तेज आंधी के झोंके 70-75 किमी प्रति घंटे तक पहुंचने की आशंका भी बताई गई है।
इसका अर्थ यह नहीं है कि सभी प्रभावित राज्यों में 75 किमी प्रति घंटे की हवा चलेगी।
आज देशभर में कहां कैसा मौसम?
| क्षेत्र | 6 अक्टूबर को संभावित स्थिति |
|---|---|
| दिल्ली-NCR | गरज-चमक, तेज हवा, छिटपुट बारिश |
| हरियाणा | गरज-चमक, हवा और कहीं-कहीं बारिश |
| पंजाब | गरज-चमक और तेज हवा |
| उत्तर प्रदेश | बारिश, गरज-चमक और तेज हवा |
| उत्तराखंड | बारिश और गरज-चमक |
| हिमाचल प्रदेश | बारिश, गरज-चमक और तेज हवा |
| जम्मू-कश्मीर | बारिश और गरज-चमक |
| बिहार-झारखंड | बारिश/गरज-चमक की संभावना |
| पश्चिम बंगाल | कई क्षेत्रों में बारिश |
| मध्य भारत | अलग-अलग स्थानों पर बारिश |
| तमिलनाडु-पुडुचेरी | कुछ स्थानों पर भारी बारिश |
| केरल | बारिश, कहीं-कहीं भारी बारिश |
| पूर्वोत्तर | कई क्षेत्रों में बारिश/गरज-चमक |
किसानों के लिए महत्वपूर्ण चेतावनी
बारिश और तेज हवाओं का यह दौर किसानों के लिए महत्वपूर्ण है, क्योंकि कई राज्यों में खरीफ फसलों की कटाई और मंडियों में उपज पहुंचाने का काम चल रहा है।
किसान खुले में रखी धान, बाजरा, कपास और दूसरी उपज को सुरक्षित रखने की व्यवस्था करें।
गरज-चमक के दौरान खेतों में खुले स्थान पर रहने से बचें।
मंडी में फसल लेकर जाने से पहले जिले का ताजा पूर्वानुमान देखना बेहतर रहेगा।
मछुआरे भी रहें सतर्क
समुद्री और तटीय क्षेत्रों में खराब मौसम की स्थिति में मछुआरों को स्थानीय समुद्री चेतावनी का पालन करना चाहिए।
तेज हवा और खराब समुद्री परिस्थितियों की चेतावनी वाले क्षेत्रों में समुद्र में जाने से बचना चाहिए।
स्थानीय चेतावनी अलग-अलग तटों के लिए बदल सकती है, इसलिए संबंधित क्षेत्र की आधिकारिक जानकारी देखना जरूरी है।
गरज-चमक के दौरान क्या करें?
बिजली चमकने के दौरान खुले खेत, ऊंचे स्थान और पेड़ों के नीचे खड़े होने से बचें।
बिजली के खंभों और ढीले तारों से दूरी बनाए रखें।
तेज हवा में कमजोर दीवारों, टीन शेड, होर्डिंग और बड़े पेड़ों के पास खड़े न हों।
बारिश के दौरान वाहन चलाते समय गति कम रखें और जलभराव वाली सड़क में बिना स्थिति जाने वाहन न उतारें।
अगले कुछ दिनों तक मौसम पर रखें नजर
6 अक्टूबर के बाद भी देश के विभिन्न हिस्सों में मौसम गतिविधियां जारी रह सकती हैं।
हालांकि हर राज्य में बारिश का दौर और चेतावनी की अवधि अलग-अलग है।
इसलिए एक देशव्यापी अलर्ट को अपने जिले का सटीक पूर्वानुमान नहीं मानना चाहिए।
यात्रा, खेती या दूसरी महत्वपूर्ण गतिविधि से पहले जिले की ताजा चेतावनी देखना सबसे सुरक्षित रहेगा।








