Haryana Weather Today 7 October 2026: पश्चिमी विक्षोभ के प्रभाव से हरियाणा का मौसम बदल गया है। बुधवार को अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, कुरुक्षेत्र, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद में यलो अलर्ट बताया गया है। इन जिलों में हल्की से मध्यम बारिश, बिजली कड़कने और 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक तेज हवाएं चलने की संभावना है। मंगलवार रात पंचकूला में ओले पड़े, जबकि यमुनानगर में बारिश से मंडियों में रखा धान भीग गया। मौजूदा IMD चेतावनी में 7 से 9 अक्टूबर तक हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली क्षेत्र में गरज-चमक और तेज हवाओं की चेतावनी बनी हुई है।
हरियाणा में पश्चिमी विक्षोभ के असर से मौसम का मिजाज बदल गया है। बुधवार, 7 अक्टूबर को प्रदेश के कई जिलों में गरज-चमक, तेज हवाओं और हल्की से मध्यम बारिश की संभावना जताई गई है। रिपोर्ट के मुताबिक राज्य के 9 जिलों में यलो अलर्ट है और कुछ स्थानों पर हवा की रफ्तार 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंच सकती है।
अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, कुरुक्षेत्र, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद में मौसम ज्यादा सक्रिय रहने के आसार हैं। वहीं सिरसा, हिसार, फतेहाबाद समेत पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी हरियाणा के कई जिलों में आज मौसम मुख्य रूप से साफ रहने की बात कही गई है।
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मंगलवार रात भी मौसम का असर देखने को मिला। पंचकूला में गरज-चमक के साथ ओले पड़े, जबकि यमुनानगर में हुई बारिश से मंडियों में खुले में रखा धान भीग गया।
हरियाणा के इन 9 जिलों में आज यलो अलर्ट
बुधवार को हरियाणा के 9 जिलों में मौसम बिगड़ने की संभावना जताई गई है।
इनमें शामिल हैं: अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, कुरुक्षेत्र, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम, फरीदाबाद,
इन जिलों में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश हो सकती है।
इसके अलावा कुछ स्थानों पर तेज हवाएं भी चल सकती हैं।
40 से 50 KM/H तक चल सकती हैं तेज हवाएं
बारिश के साथ तेज हवाएं भी परेशानी बढ़ा सकती हैं।
मौसम संबंधी रिपोर्ट में प्रभावित जिलों में हवा की गति 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटा तक पहुंचने की संभावना जताई गई है।
इसके साथ बिजली कड़कने और गरज-चमक की स्थिति भी बन सकती है।
ऐसे मौसम में खुले स्थानों, पेड़ों और कमजोर संरचनाओं के आसपास अतिरिक्त सावधानी बरतना बेहतर रहेगा।
इन जिलों में आज मौसम साफ रहने का अनुमान
प्रदेश के सभी जिलों में बारिश की संभावना एक जैसी नहीं है।
रिपोर्ट के अनुसार हरियाणा के कई पश्चिमी और दक्षिण-पश्चिमी जिलों में बुधवार को मौसम साफ रह सकता है।
इनमें: सिरसा, हिसार, फतेहाबाद, जींद, कैथल, भिवानी, रोहतक, चरखी दादरी, झज्जर, नारनौल, रेवाड़ी, नूंह, पलवल शामिल हैं।
हालांकि मौसम में बदलाव की स्थिति में स्थानीय स्तर पर परिस्थितियां अलग हो सकती हैं।
पश्चिमी विक्षोभ से बदला हरियाणा का मौसम
हरियाणा में मौसम में आए इस बदलाव के पीछे पश्चिमी विक्षोभ का प्रभाव बताया जा रहा है।
रिपोर्ट के मुताबिक मंगलवार शाम से पश्चिमी विक्षोभ सक्रिय हुआ, जिसके बाद प्रदेश के उत्तरी और पूर्वी हिस्सों में मौसम बदलना शुरू हुआ।
इसका प्रभाव मंगलवार रात से ही कई इलाकों में देखने को मिला।
पंचकूला में पड़े ओले
मंगलवार रात पंचकूला में मौसम अचानक बदल गया।
यहां गरज-चमक के साथ ओलावृष्टि हुई।
वहीं पानीपत और सोनीपत में तेज हवाओं का असर देखने को मिला।
इससे बुधवार के लिए जारी मौसम चेतावनी और महत्वपूर्ण हो गई है।
यमुनानगर में बारिश से भीगा मंडियों में रखा धान
यमुनानगर में तेज बारिश किसानों और मंडियों के लिए परेशानी लेकर आई।
बारिश के कारण मंडियों में खुले में रखा धान और ट्रालियों में लदी उपज भीग गई।
धान की खरीद और आवक के समय हुई बारिश के कारण किसानों और आढ़तियों को अपनी उपज सुरक्षित रखने की जरूरत बढ़ गई है।
तापमान में भी आई मामूली गिरावट
मौसम में बदलाव का असर तापमान पर भी दिखाई दिया है।
रिपोर्ट के मुताबिक मंगलवार को हरियाणा के औसत अधिकतम तापमान में पिछले दिन की तुलना में करीब 0.6 डिग्री सेल्सियस की गिरावट दर्ज की गई।
बारिश और तेज हवाओं वाले इलाकों में दिन के तापमान में और हल्का बदलाव महसूस किया जा सकता है।
8 और 9 अक्टूबर को भी मौसम पर नजर
मौजूदा IMD चेतावनी के अनुसार हरियाणा-चंडीगढ़-दिल्ली उपमंडल में 7, 8 और 9 अक्टूबर को गरज-चमक, बिजली और तेज हवाओं से जुड़ी चेतावनी बनी हुई है।
हालांकि इसका मतलब यह नहीं है कि हर जिले में लगातार तीन दिन बारिश होगी। बारिश और गरज-चमक की गतिविधियां स्थान विशेष पर अलग-अलग हो सकती हैं।
वहीं 10 अक्टूबर से आगे के लिए मौजूदा IMD चेतावनी तालिका में कोई मौसम चेतावनी नहीं दिखाई गई है।
इसलिए आगे के दिनों के लिए नया पूर्वानुमान आने पर स्थिति बदल सकती है।
किसानों के लिए क्यों महत्वपूर्ण है यह मौसम?
इस समय मंडियों में धान की आवक होने के कारण बारिश किसानों के लिए महत्वपूर्ण है।
यमुनानगर में बारिश के दौरान खुले में रखी धान की फसल और ट्रालियों में मौजूद उपज भीगने की खबर सामने आ चुकी है।
ऐसे में जिन जिलों में बारिश और तेज हवाओं की संभावना है, वहां खुले में रखी उपज को सुरक्षित और ढके हुए स्थान पर रखने से नुकसान का जोखिम कम किया जा सकता है।
बिजली और तेज हवाओं के दौरान खेतों या खुले स्थानों पर काम करते समय भी सावधानी जरूरी है।
हरियाणा में आज कहां होगी बारिश?
7 अक्टूबर को बारिश की संभावना मुख्य रूप से प्रदेश के उत्तरी, पूर्वी और कुछ एनसीआर जिलों में ज्यादा बताई गई है।
अंबाला, पंचकूला, यमुनानगर, करनाल, कुरुक्षेत्र, पानीपत, सोनीपत, गुरुग्राम और फरीदाबाद में गरज-चमक के साथ हल्की से मध्यम बारिश और तेज हवाओं की स्थिति बन सकती है।
दूसरी ओर सिरसा, हिसार, फतेहाबाद, भिवानी, नारनौल और आसपास के कई इलाकों में मौसम मुख्य रूप से साफ रहने का अनुमान है।









