चक्रवाती तूफान अरनब, मौसम ब्रेकिंग (आंध्र प्रदेश और ओडिशा): खेतों में इस समय खड़ी फसलें तैयार हैं, तो कहीं किसान रबी की बुवाई की तैयारी में जुटे हैं। लेकिन इसी बीच चक्रवाती तूफान ‘अरनब’ के खतरे ने किसानों की चिंता बढ़ा दी है।
तेज हवाएं और भारी बारिश से खेत में खड़ी फसल गिर सकती है, जिससे किसानों की महीनों की मेहनत पर पानी फिर सकता है।
विशेषकर धान, सब्जियों और बागवानी की खेती करने वाले किसानों को ज्यादा नुकसान उठाना पड़ सकता है, इसलिए तूफान से पहले तैयारियां जरूरी हैं। चक्रवाती तूफान के दौरान भारी बारिश होने पर खेतों में पानी भर सकता है, जिससे सब्जियों और फसलों की जड़ों को नुकसान पहुंच सकता है।
किसानों को पहले से खेत की नालियां साफ करने की सलाह दी जाती है ताकि बारिश का पानी आसानी से बाहर निकल सके।
जिन किसानों की फसल कट चुकी है, वे उसे खुले खेत या खलिहान में न छोड़कर सूखी और सुरक्षित जगह पर रखें। मौसम विभाग के मुताबिक 26 अक्टूबर को बंगाल की खाड़ी में चक्रवाती तूफान अरनब बन चुका है, जो 28 अक्टूबर की सुबह आंध्र प्रदेश के तट से टकरा सकता है।
इस दौरान हवा की रफ्तार 115 से 125 किलोमीटर प्रति घंटे और झोंकों में 140 किलोमीटर प्रति घंटे तक पहुंच सकती है।
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आंध्र प्रदेश और ओडिशा में भारी बारिश का खतरा है, जहां तेज हवा से केले और पपीते जैसे पौधे गिर सकते हैं। किसानों को सलाह दी जाती है कि वे तूफान से पहले खेत में कीटनाशक या खाद का छिड़काव न करें और मवेशियों को सुरक्षित स्थान पर रखें।
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तेज हवा, बिजली गिरने या भारी बारिश के दौरान खेत जाने से बचें और प्रशासन के निर्देशों का पालन करें।









