चक्रवाती तूफान मुरासु आंध्र प्रदेश तट IMD अलर्ट, Mausam Breaking (आंध्र प्रदेश तट): बंगाल की खाड़ी से उठा गंभीर चक्रवाती तूफान ‘मुरासु’ आज, मंगलवार 3 नवंबर को तड़के दक्षिण आंध्र प्रदेश के तट से टकराकर उत्तर-पश्चिम की ओर बढ़ चला है। भारत मौसम विज्ञान विभाग (IMD) के अनुसार यह तूफान सुबह 03:30 से 05:30 बजे (IST) के बीच नेल्लोर और नरसापुर के मध्य, ओंगोल के निकट तट को पार कर गया।
लैंडफॉल के समय हवा की रफ्तार 100 से 110 किमी प्रति घंटा दर्ज की गई, जो बढ़कर 120 किमी प्रति घंटा तक पहुंच रही थी। IMD ने कहा है कि अब यह कमजोर होकर एक चक्रवाती तूफान में बदल जाएगा और आधी रात तक एक गहन अवदाब में तब्दील हो जाएगा।
इसकी वजह से तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और उससे सटे तेलंगाना के कुछ इलाकों में अत्यधिक भारी बारिश होने की संभावना है। कल, 4 नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश और यनम के कुछ हिस्सों में बहुत भारी बारिश हो सकती है।
इसके अलावा रायलसीमा और दक्षिण ओडिशा में, तथा 4 नवंबर को दक्षिण छत्तीसगढ़ के कुछ इलाकों में भारी बारिश की संभावना है।
छत्तीसगढ़ में चक्रवात के प्रभाव से मौसम का मिजाज बदल गया है। मौसम विभाग ने मंगलवार को प्रदेश के 19 जिलों और बुधवार को 15 जिलों के लिए यलो अलर्ट जारी किया है।
इस दौरान कई क्षेत्रों में बारिश, गरज-चमक के साथ आकाशीय बिजली गिरने तथा 40 से 50 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से तेज हवाएं चलने की संभावना जताई गई है।
चक्रवात के प्रभाव से पिछले 24 घंटों में तटीय आंध्र प्रदेश में अत्यधिक भारी बारिश (12-21 सेमी) और तमिलनाडु में भारी बारिश (7-11 सेमी) दर्ज की गई। आंध्र प्रदेश के बापटला में सर्वाधिक 22 सेमी और तमिलनाडु के कुड्डालोर में 9 सेमी वर्षा हुई।
मौसम विभाग के अनुसार 3 नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश, यनम और तेलंगाना में अलग-अलग स्थानों पर अत्यधिक भारी बारिश होगी, जबकि 4 नवंबर को तटीय आंध्र प्रदेश और यनम में बहुत भारी बारिश की संभावना है।
मौसम विभाग ने 3 से 4 नवंबर के बीच ओडिशा और बंगाल में भी व्यापक से लेकर व्यापक बारिश की संभावना जताई है। ओडिशा में आंधी-तूफान, बिजली कड़कने और 30-40 किमी प्रति घंटा (50 किमी प्रति घंटा तक) की तेज हवाएं चल सकती हैं।
3 नवंबर को गंगा के मैदानी पश्चिम बंगाल, उप-हिमालयी पश्चिम बंगाल और सिक्किम में, 3-4 नवंबर को झारखंड में, तथा 5-7 नवंबर को ओडिशा में बारिश हो सकती है।
मौसम विभाग ने 4 नवंबर सुबह 11:30 बजे तक तटीय आंध्र प्रदेश के 11 जिलों में अचानक बाढ़ (Flash Flood) और जलभराव का मध्यम जोखिम जताया है। तेज हवाओं और बारिश से पेड़ों व कच्चे मकानों को नुकसान, फसलों के गिरने तथा सड़क, रेल व हेलीकॉप्टर सेवाओं के प्रभावित होने की आशंका भी व्यक्त की गई है।
दिल्ली-एनसीआर में 3 से 6 नवंबर के दौरान उत्तर-पश्चिम भारत की तरह कोई बड़ा मौसम बदलाव होने की संभावना नहीं है और आसमान मुख्य रूप से साफ रहेगा। सुबह हल्की धुंध छा सकती है।
अधिकतम तापमान 27°C से 30°C और न्यूनतम 14°C से 17°C के बीच रहने का अनुमान है, तथा दोपहर में उत्तर-पश्चिम दिशा से 10 से 20 किमी/घंटा की सतही हवाएं चल सकती हैं।










