चक्रवाती तूफान अर्नब, मौसम ब्रेकिंग (शिमला): चक्रवाती तूफान अर्नब का असर अब उत्तर भारत के मैदानी क्षेत्रों में भी दिखने लगा है। बंगाल की खाड़ी से उठा साइक्लोन अर्नब मंगलवार तड़के 3:30 बजे आंध्र प्रदेश के तट से टकराने के साथ ही समुद्र में उंची लहरें देखी जा रही हैं।
क्षेत्र में भारी बारिश के साथ-साथ 125 से 135 किलोमीटर प्रति घंटे की रफ्तार से हवाएं चल रही हैं। तटीय इलाकों में बाढ़ जैसे हालात बन गए हैं और बारिश तथा आंधी-तूफान से प्रभावित क्षेत्रों में जनजीवन अस्त-व्यस्त हो गया है।
पहाड़ी राज्य हिमाचल प्रदेश में भी इस तूफान का असर पड़ने वाला है और बंगाल की खाड़ी में उठे इस चक्रवात के बीच राज्य में मौसम करवट लेने के स्पष्ट संकेत हैं। प्रदेश में लंबे समय से बारिश का इंतजार कर रहे लोगों और किसानों के लिए आगामी दो दिन मौसम के लिहाज से काफी अहम रहने वाले हैं।
मौसम विज्ञान केंद्र के निदेशक शोभित कटियार का कहना है कि साइक्लोन अर्नब का असर हिमाचल प्रदेश में 29 से 31 अक्टूबर तक महसूस किया जाएगा। शिमला, मंडी और सोलन में बारिश होने की संभावना है, जबकि कुछ इलाकों में आंधी-तूफान के लिए येलो अलर्ट जारी किया गया है।
मौसम विज्ञान केंद्र की ओर से जारी जिला स्तरीय चेतावनी के अनुसार, 29 और 30 अक्टूबर को प्रदेश के कुछ हिस्सों में गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है। हालांकि सभी जिलों में बारिश होने का पूर्वानुमान नहीं है और मौसम संबंधी चेतावनी चुनिंदा जिलों तक सीमित है।
मौसम विभाग की जिला स्तरीय चेतावनी के मुताबिक, 29 अक्टूबर को कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला, सोलन और सिरमौर जिलों में कुछ स्थानों पर गरज-चमक के साथ बिजली गिरने की संभावना है। इसके अगले दिन यानी 30 अक्टूबर को कांगड़ा, कुल्लू, मंडी, शिमला और सिरमौर जिलों में ऐसी गतिविधियां देखने को मिल सकती हैं।
यह भी पढ़ें: Cyclone Arnab का हरियाणा के मौसम पर असर, 29 अक्टूबर को बारिश और तेज हवाओं का येलो अलर्ट
पूर्वानुमान के अनुसार 28 अक्टूबर के साथ ही 31 अक्टूबर और 1 नवंबर के लिए प्रदेश में गरज-चमक और बिजली गिरने को लेकर कोई जिला स्तरीय चेतावनी जारी नहीं की गई है। हालांकि मौसम की परिस्थितियों में बदलाव संभव है, इसलिए लोगों को विभाग की ओर से जारी होने वाले ताजा बुलेटिन पर नजर रखनी चाहिए।
यह भी पढ़ें: मध्य प्रदेश में साइक्लोन अर्नब का असर, कई जिलों में भारी बारिश और आंधी का अलर्ट
मौसम विभाग ने गरज-चमक और बिजली गिरने की आशंका को देखते हुए किसानों और आम लोगों के लिए एहतियाती सलाह जारी की है। किसानों को कटी हुई फसल और कृषि उपज को सुरक्षित स्थानों पर रखने अथवा तिरपाल से ढककर बांधने की सलाह दी गई है, ताकि नुकसान से बचा जा सके।
विभाग ने लोगों को बिजली चमकने के दौरान पेड़ों के नीचे शरण नहीं लेने, कंक्रीट के फर्श पर नहीं लेटने और कंक्रीट की दीवारों के सहारे खड़े होने से बचने की सलाह दी है। इसके अलावा विद्युत उपकरणों के प्लग निकालने और राज्य सरकार के दिशा-निर्देशों का पालन करने को कहा गया है।
मौसम विज्ञान केंद्र शिमला के निदेशक शोभित कटियार का कहना है कि अर्नब का असर हिमाचल में भी कुछ जिलों में नजर आएगा। इस दौरान शिमला, सोलन, सिरमौर कुल्लू और किन्नौर जिला में 29 और 30 अक्टूबर को हल्की बारिश के साथ ऊंचाई वाले क्षेत्रों में हल्की बर्फबारी हो सकती है।









