हरियाणा में मधुमक्खी पालकों को बीमा सुरक्षा, मौसम ब्रेकिंग (चंडीगढ़): हरियाणा सरकार ने मधुमक्खी पालन करने वाले किसानों और व्यवसायियों को वित्तीय सुरक्षा देने के लिए इस व्यवसाय को मुख्यमंत्री बागवानी बीमा योजना में शामिल कर लिया है। इससे बाढ़, आग, परिवहन के दौरान दुर्घटना और मधुमक्खियों में महामारी के कारण होने वाले नुकसान पर निर्धारित शर्तों के अनुसार बीमा सहायता मिल सकेगी।
कृषि एवं किसान कल्याण मंत्री श्याम सिंह राणा ने मंगलवार को इस फैसले की जानकारी दी और बताया कि योजना का लाभ लेने के लिए मधुमक्खी पालकों को भावांतर भरपाई योजना-शहद में पंजीकरण कराना अनिवार्य होगा। इस योजना के तहत बाढ़ में मधुमक्खियों के बॉक्स और कॉलोनियों के डूबने तथा अन्य आपदाओं को कवर किया जाएगा।
योजना के तहत प्रति मधुमक्खी कॉलोनी 50 रुपये और प्रति बॉक्स 50 रुपये बीमा शुल्क निर्धारित किया गया है, जिसके बदले में 1,250 रुपये प्रति कॉलोनी और बॉक्स की बीमा राशि तय की गई है। सरकार के अनुसार अधिकतम बीमा राशि प्रति कॉलोनी और बॉक्स 3,12,500 रुपये तक हो सकती है।
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एक मधुमक्खी पालक के लिए अधिकतम 250 कॉलोनियों और 250 बॉक्स की सीमा तय की गई है तथा प्रत्येक बॉक्स पर यूनिट नंबर देना होगा। पात्रता और पंजीकरण के लिए किसान जिला उद्यान अधिकारी से संपर्क कर सकते हैं या टोल-फ्री नंबर पर कॉल कर सकते हैं।
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